सिवनी मालवा। मध्यप्रदेश में सरकार बदलते ही किसानों की कर्ज माफी घोषणा की गई परंतु किसान इस से नाखुश दिखाई दे रहा है। एक और राष्ट्रीय किसान मजदूर संघ पूरे देश में राष्ट्रव्यापी आंदोलन एवं धरना प्रदर्शन कर रहा है, वहीं दूसरी ओर अब भारतीय किसान संघ भी मैदान में उतरने को तैयार है। आज हुई भारतीय किसान संघ की बैठक में यह निर्णय लिया गया है कि 5 फरवरी से प्रत्येक गांव में किसानों के द्वारा आंदोलन किया जाएगा एवं ज्ञापन सौंपा जाएगा। इसकी सूचना अधिकारियों को भी दी जाएगी यदि अधिकारी ज्ञापन लेने के लिए उपस्थित नहीं होते हैं तो ज्ञापन गाँव में ही भैंसा को सौंपा जाएगा।

ग्रामीण स्तर के बाद आंदोलन तहसील स्तर पर किया जाएगा। इसके बाद जिला स्तर पर आंदोलन को बड़े स्वरूप में किया जाएगा भारतीय किसान संघ के पदाधिकारियों ने बताया की हमारे द्वारा सरकार से मांग की जायेगी की उत्पादक का अनुदान, प्राइवेट बैंक की कर्जमाफी, बीमा नीति में सुधार, फसल पर बोनस, लागत के आधार पर लाभकारी मूल्य, बिजली बिल माफ़ी किया जाए जिसके साथ ही सभी गाँवों में प्रदेश सरकार का पुतला दहन करेंगे। उक्त आन्दोलन ग्रामीण स्तर पर 15 दिन उसके बाद तहसील स्तर पर तथा उसके बाद जिले लेवल आंदोलन किया जायेगा।