भोपाल। कांग्रेस ने प्रत्याशियों की पहली सूची जारी कर दी है। इसमें कई युवा, महिलाओं और पैराशूट नेताओं को मौका दिया गया है। गठबंधन की चर्चा के बीच कांग्रेस ने जयस आदिवासी संगठन के मुखिया डॉ. हीरालाल अलावा को मनावर से टिकट देकर विवाद खत्म करने की कोशिश की है। वही अलावा के यूं पार्टी बदले जाने के बाद जयस में आक्रोश व्याप्त हो गया है। संगठन के अन्य पदाधिकारियों ने हीरालाल अलावा पर संगठन को धोख़ा देने का आरोप लगाया जयस के लिए यह बड़ा झटका माना जा रहा है। जयस से फाउंडर मेंबर अरविंद मुजाल्दा ने अलावा के कांग्रेस से टिकट लेने पर गहरी नाराज़गी जताई है।

कौन है हीरालाल अलावा
मालवा-निमाड़ में आदिवासियों के बीच तगड़ी पैठ बना चुके जयस के राष्ट्रीय सरंक्षक डॉ. हीरालाल अलावा है। एम्स से असिस्टेंट प्रोफेसर के पद से नौकरी छोड़ने के बाद अलावा ने 5 साल पहले संगठन बनाया था। अब तक 5 लाख सदस्य जुड़ चुके है। जयस का प्रदेश के आदिवासी बाहुल्य क्षेत्र में काफी अच्छा असर है। जयस प्रदेश के 22 जिलों में अपनी जड़ें जमा चुका है। मध्यप्रदेश में 21 प्रतिशत आबादी आदिवासी है। विधान सभा की कुल 230 सीटों में से 47 सीटें आदिवासी वर्ग के लिए रिजर्व हैं। इसमें से प्रदेश में करीब 30 सीट ऐसी हैं, प्रत्याशी की हार-जीत में आदिवासी वोटों का बड़ा खेल होता है।